जुपिटर लाइफ लाइन हॉस्पिटल्स आईपीओ समीक्षा – जीएमपी

जुपिटर लाइफ लाइन हॉस्पिटल्स आईपीओ समीक्षा: ज्यूपिटर लाइफ लाइन हॉस्पिटल्स अपना आईपीओ लेकर आ रहा है। आईपीओ सदस्यता के लिए खुलने की तारीख 6 सितंबर, 2023 रहेगी और बंद होने की तारीख 8 सितंबर, 2023 रहेगी।

इस ब्लॉग में हम ज्यूपिटर लाइफ लाइन हॉस्पिटल्स आईपीओ समीक्षा करेंगे और कंपनी के फाइनेंसियल, इसकी ताकत और कमजोरियों के बारे में जानेगे, साथ में जीएमपी का विश्लेषण करेंगे।

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जुपिटर लाइफ लाइन हॉस्पिटल्स

जुपिटर लाइफ लाइन हॉस्पिटल्स – ​​कंपनी ओवरव्यू:

2007 में निगमित ज्यूपिटर लाइफ लाइन हॉस्पिटल्स लिमिटेड, मुंबई मेट्रोपॉलिटन एरिया (एमएमआर) में एक बहु-विशेषता स्वास्थ्य सेवा प्रदाता कंपनी है। फाइनेंसियल ईयर 2023 की रिपोर्ट के अनुसार यह भारत के पश्चिमी क्षेत्रों में कॉर्पोरेट स्वास्थ्य सेवा प्रदाता के रूप में काम कर रहा है। इनके पास इंदौर, ठाणे और पुणे तीन अस्पताल थे, इनके पास 1194 बिस्तर की सुविधा थी और विशेषज्ञ, चिकित्सक और सर्जन सहित 1306 डॉक्टर की टीम थी।

क्रिसिल रिपोर्ट के अनुसार, कंपनी के इंदौर और ठाणे अस्पताल भारत के उन कुछ अस्पतालों में से हैं जो एक विशेष रोबोटिक और कंप्यूटर-सहायता वाले न्यूरो-रिहैबिलिटेशन सेंटर के माध्यम से न्यूरो-रिहैबिलिटेशन ट्रीटमेंट करते हैं। साथ ही ठाणे अस्पताल बहु-अंग प्रत्यारोपण केंद्रों में से एक है।

कंपनी का आउटपेशेंट और इनपेशेंट रेवेन्यू अस्पतालों के हिसाब से अलग-अलग विभाजित किया गया है। फाइनेंसियल ईयर 2023 के अनुसार इंदौर, ठाणे और पुणे के अस्पतालों का परिचालन राजस्व क्रमशः 11.79%, 54.18% और 34.03% रहा है।

जुपिटर लाइफ लाइन हॉस्पिटल्स – इंडस्ट्री ओवरव्यू:

वित्त वर्ष 2022 में पश्चिम भारत का स्वास्थ्य सेवा बाजार ₹1.05-1.15 ट्रिलियन था जो 14%-16% सीएजीआर से बढ़कर वित्त वर्ष 2027 तक ₹2.15-2.25 ट्रिलियन हो जाने का अनुमान है। इस क्षेत्र में श्रृंखलाबद्ध अस्पतालों की कमी, स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र में निजी अस्पतालों की प्रति बिस्तर औसत राजस्व में होती वृद्धि, इस क्षेत्र में उच्च जनसंख्या घनत्व की वृद्धि और इस क्षेत्र में स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी की बढ़ती मांग से भारत के स्वास्थ्य सेवा बाजार को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।

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जुपिटर लाइफ लाइन हॉस्पिटल्स – फाइनेंसियलस: (Jupiter Life Line Hospitals Financials in Hindi)

इस कंपनी की वित्तीय स्थिति पर नजर डालने पर पता चलता है कि उनकी संपत्ति मार्च 2021 में ₹788.91 करोड़ थी जो बढ़कर मार्च 2023 में ₹985.53 करोड़ हो गई है। कंपनी का राजस्व भी मार्च 2021 में ₹490.27 करोड़ था जो बढ़कर मार्च 2023 में ₹902.96 करोड़ हो गया, जबकि कंपनी को ₹2.30 करोड़ का घाटा हुआ। उसने बाद के वर्षों में कंपनी ने अपने राजस्व को बढाकर शुद्ध लाभ दर्ज किया, फिक्सल ईयर 2023 में नेट प्रॉफिट 72.91 करोड़ रिपोर्ट किया गया। FY23 तक इसका ROE 20.03% और RoCE 20.94% है।

फाइनेंसियल मैट्रिक्स: (Financial Metrics)

financial metrics of जुपिटर लाइफ लाइन हॉस्पिटल्स
financial metrics of जुपिटर लाइफ लाइन हॉस्पिटल्स

कंपनी की ताकतें: (Pros)

  • कंपनी के प्रबंधन और संस्थापक के पास क्षेत्र में अच्छा अनुभव है जो उन्हें इसकी परिचालन दक्षता बनाए रखने में मदद करता है।
  • कंपनी के पास उन्नत स्तर के श्रृंखलाबद्ध अस्पताल हैं जो अत्यधिक विशिष्ट हैं।
  • कंपनी के तीन अस्पतालों में प्रत्येक एक पूर्ण-सेवा अस्पताल है, प्रत्येक अस्पताल में डायग्नोस्टिक्स से लेकर सर्जरी तक मरीजों की स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों को पूरा करने के लिए अच्छी तरह से सुसज्जित है।
  • कंपनी ‘ऑल-हब-नो-स्पोक’ मॉडल पर काम करती है।
  • कंपनी कुशल और अनुभवी स्वास्थ्य देखभाल पेशेवरों के साथ काम करती है जिससे उसे गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं के मानक को बनाए रखने में मदद मिलती है।

कंपनी की कमजोरियाँ: (Cons)

  • कंपनी के ठाणे अस्पताल वाली जमीन के संबंध में कुछ जनहित याचिकाएं हैं। कंपनी के विरुद्ध कार्यवाही होने से उसके व्यवसाय पर बुरा प्रभाव पड़ सकता है।
  • कंपनी के पास चिकित्सा उपकरण लागत, बुनियादी ढांचे के रखरखाव और मरम्मत लागत, जनशक्ति लागत, सहायक वस्तुओं और फार्मास्यूटिकल्स में उच्च लागत हैं। सभी के उचित लागत पर नहीं मिलने से कंपनी के प्रॉफिट पर प्रभाव पड़ सकता है।
  • स्वास्थ्य देखभाल पेशेवरों को रखने में सक्षम नहीं होने से कंपनी के संचालन पर बुरा प्रभाव पड़ सकता है।
  • कंपनी अत्यधिक विनियमित उद्योग में काम करती है। कोई भी नियामक में परिवर्तन या किसी भी नियम का पालन नहीं करने पर इसके व्यवसाय पर बुरा प्रभाव डाल सकता है।

कंपनी के प्रतिस्पर्धी: (Competitors)

प्रतिस्पर्धी कंपनी के राजस्व और रोगी विवरण के साथ एक सूची निचे की तालिका छवि में दी गयी है:

competitors of जुपिटर लाइफ लाइन हॉस्पिटल्स
competitors of जुपिटर लाइफ लाइन हॉस्पिटल्स

जुपिटर लाइफ लाइन हॉस्पिटल्स आईपीओ – जीएमपी: (Jupiter Life Line Hospitals IPO – GMP in Hindi)

इस कंपनी को 18-9-2023 को स्टॉक एक्सचेंज में सूचीबद्ध किया गया था। आईपीओ को 64.80 गुना सब्सक्राइब किया गया था। इस आईपीओ के लिए अंतिम जीएमपी 233 रुपए थी, 18 सितम्बर 2023 09:32 AM पर अपडेट किया गया। अंतिम जीएमपी के अनुसार, आईपीओ के लिए अपेक्षित लाभ/हानि 31.70% थी।

मुख्य सुचना: (Key Information)

key information about जुपिटर लाइफ लाइन हॉस्पिटल्स
key information about जुपिटर लाइफ लाइन हॉस्पिटल्स

प्रमोटर: डॉ. अजय ठक्कर, डॉ. अंकित ठक्कर, वेस्टर्न मेडिकल सॉल्यूशंस एलएलपी

बुक रनिंग लीड मैनेजर: नुवामा वेल्थ मैनेजमेंट लिमिटेड, आईसीआईसीआई सिक्योरिटीज लिमिटेड, जेएम फाइनेंशियल लिमिटेड

ऑफर के रजिस्ट्रार: केफिन टेक्नोलॉजीज लिमिटेड

निष्कर्ष:

इस ब्लॉग में हमने जुपिटर लाइफ लाइन हॉस्पिटल्स लिमिटेड (Jupiter Life Line Hospitals Limited) के बारे में विस्तार से जाना और हम यह निष्कर्ष निकाल सकते हैं कि कंपनी सीमित क्षेत्रों में काम करती है, लेकिन इसने पिछले कुछ सालों में अच्छे परिणाम दिए हैं। इनके पास इंदौर, ठाणे और पुणे तीन अस्पताल हैं, इनके पास लगभग 1200 बिस्तर की सुविधा हैं और इनके पास लगभग 1300 डॉक्टर की टीम है जिसमे विशेषज्ञ, चिकित्सक और सर्जन शामिल हैं।

इस आईपीओ से प्राप्त शुद्ध आय का उपयोग कंपनी और सामग्री सहायक कंपनी द्वारा लिए गए कुछ उधारों का पुनर्भुगतान या पूर्व भुगतान तथा सामान्य कॉर्पोरेट उद्देश्य के लिए लिए है। स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र में निजी अस्पतालों की प्रति बिस्तर बढ़ते औसत राजस्व और स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी के बढ़ते चलन से भारत के स्वास्थ्य सेवा बाजार को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न: (FAQs)

Q. ज्यूपिटर लाइफ लाइन हॉस्पिटल्स लिमिटेड क्या काम करती है?

Ans. यह भारत के पश्चिमी क्षेत्रों में कॉर्पोरेट स्वास्थ्य सेवा प्रदाता के रूप में काम कर रहा है। इनके पास इंदौर, ठाणे और पुणे तीन अस्पताल हैं।

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